मधुबनी, मई 10 -- मधेपुर। कारगिल लड़े थे। करीब 17 वर्ष 3 महीना थल सेना के तहत आर्मी में नौकरी की। उसके बाद 2001 में सेवानिवृत्त हुए। जरूरत पड़ी तो फिर दुश्मनों के साथ लड़ेंगे तथा उनका छक्का छुड़ाएंगे। यह कहना है मधेपुर प्रखंड मुख्यालय के मधेपुर पश्चिमी के सोनपुर टोला निवासी नायक पद से सेवानिवृत्त पूर्व सैनिक जिष्णु कांत झा(61) का। पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए निर्दोष पर्यटक की मौत का बदला लेने के लिए भारतीय सेना द्वारा ऑपरेशन सिंदूर के तहत की जा रही कार्रवाई से वे प्रसन्न हैं। सेवानिवृत्त सैनिक जिष्णु कांत झा कहते हैं कि भारतीय सैनिक द्वारा ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों को नष्ट करने की कार्रवाई लाजवाब है। पाकिस्तान के कायराना हड़कत का जवाब देने के लिए भारतीय सैनिक अपनी जबरदस्त शौर्य का परिचय दे रहे हैं। वे कहते हैं कि उनका भ...
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