कुशीनगर, अप्रैल 15 -- दाहूगंज। गांव-गांव गली-गली में नफरत के बीज बोआईलबा, जे दिहल जान देश की खातिर नाम ओकर गद्दार धराइल बा। बापू ई कईसन राष्ट्रवाद आईल बा। उक्त पत्तियां विद्रोही तेवर के कवि नंदलाल विद्रोही ने क्षेत्र के गोसाईंपट्टी गांव के छिहुला ब्रह्म स्थान स्थित शिव मंदिर परिसर में आयोजित भवं भवानी साहित्य परिषद की 163वीं मासिक कवि गोष्ठी में पढ़कर वाहवाही बटोरी। कवि गोष्ठी की शुभारंभ कवि रामपति रसिया की वीणा वंदना-शारदा के कर जोरि बिनती करबानी,करतानी माई के गोहार जी से की गई। श्रीकृष्ण सिंह चुलबुल ने पश्चिम से जब आंधी चलल धा-धा गेंहू पर परल।काटल पसई उड़ाके ले गईल अकाशे। इसके अलावा अन्य कवियों ने भी अपनी रचनाएं सुनाई। इस अवसर पर अंजनी सिंह, अजय कुमार सिंह, मुनेश्वर यादव, तपन ठाकुर, हरिमोहन प्रसाद आदि उपस्थित रहे। अंत में आयोजक रामपति र...
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