नई दिल्ली, मई 14 -- Vrishabha Sankranti 2025: साल में 12 बार सूर्य देव राशियों में गोचर करते हैं। सूर्य देव के एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करने पर संक्रांति मनाई जाती है। पंचांग अनुसार इस साल गुरुवार, 15 मई को 12:20 ए एम पर सूर्य मेष राशि से वृषभ राशि में प्रवेश करेंगे। उदया तिथि के अनुसार, इसी दिन वृषभ संक्रांति मनाई जाएगी। इस दौरान सूर्य की ऊर्जा प्रबल होती है, जिससे ध्यान, पूजा, स्नान और दान-पुण्य जैसे कर्मों को करने का विशेष महत्व बताया गया है। इस दिन गंगा, यमुना या गोदावरी जैसी पवित्र नदियों में स्नान करना अत्यंत शुभ माना जाता है। वृषभ संक्रांति पर पुण्यकाल के समय स्नान-दान व सूर्य पूजन से विशेष लाभ प्राप्त होगा। आइए जानते हैं शुभ मुहूर्त, पूजन विधि व भद्रा का समय-कल वृषभ संक्रांति पर 06 घंटे 47 मिनट तक पुण्यकालवृषभ संक्रान्ति प...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.