गिरडीह, दिसम्बर 31 -- गिरिडीह, प्रतिनिधि। शहर के श्याम मंदिर परिसर में सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा के तीसरे दिन मंगलवार को कथावाचक राधेश गौतम ने कहा कि मनुष्य को मुक्ति मिलने का कोई प्रमाण नहीं है। मरणोपरांत मनुष्य किस लोक में गया इसकी कोई सूचना किसी को नहीं है। जीते जागते मुक्ति मिल जाए, इसका प्रयास मनुष्य को करना चाहिए। कर्मों के हिसाब-किताब से ही मोक्ष का द्वार खुलता है। जयपुर के कथावाचक राधेश गौतम को सुनने के लिए मंगलवार को श्याम मंदिर परिसर में काफी संख्या में श्रद्धालु भक्त पहुंचे हुए थे। संगीतमयी कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर नजर आ रहे थे। कथावाचक राधेश गौतम ने मुक्ति के 10 सूत्र बताए। कहा कि मनुष्य को ऐसा कर्म करना चाहिए कि उसे जीते-जागते मुक्ति मिल जाए। कहा कि जब तक अच्छे और बुरे दोनों कर्म का हिसाब न हो जाए तब तक मनुष्य को मुक्...