नई दिल्ली, जुलाई 21 -- एस. श्रीनिवासन,वरिष्ठ पत्रकार मंदिरों के लिए विख्यात दक्षिण कर्नाटक के शहर धर्मस्थल में विगत 3 जून को अपने वकील के साथ सदर थाना पहुंचे एक व्यक्ति ने दावा किया कि एक दशक पहले उसने मंदिर के आस-पास के जंगलों में कम से कम 100 शवों को दफनाया था। इनमें से ज्यादातर युवतियों और बच्चों के शव थे। उसने संदेह जताया कि ये मौतें स्वाभाविक नहीं थीं और ऐसा लगता था कि इनके पीछे बलात्कार और हत्या कारण थे। इस खुलासे ने पुलिस के होश उड़ा दिए। यह व्यक्ति वहां के श्री मंजूनाथ मंदिर का पूर्व सफाई कर्मचारी था। उसने दावा किया कि कुछ प्रभावशाली लोगों के कहने और वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा मजबूर किए जाने पर उसने ये शव दफनाए थे। इसके बाद डर के मारे वह शिकायतकर्ता शहर छोड़कर भाग गया। मगर पश्चाताप की आग ने उसे मजबूर किया कि वह सारी कहानी का खुलासा ...