शामली, जून 25 -- भाकियू शिक्षक प्रकोष्ठ के पदाधिकारियों ने बीएसए कार्यालय में ज्ञापन देकर जिले के कम छात्र संख्या वाले परिषदीय विद्यालयों को मर्ज न करने की मांग की है। उन्होने कहा कि यह आदेश देश के सभी 6-14 वर्ष के बच्चों को निशुल्क एवं अनिवार्य शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन है। मंगलवार को दिए ज्ञापन में उन्होने कहा कि वर्तमान में प्रदेश के सभी जनपदों में कम छात्र संख्या वाले परिषदीय विद्यालयों को निकटवर्ती ग्राम पंचायत के परिषदीय विद्यालय में समाहित करने के आदेश निर्गत किये जा रहे है। जिसके क्रम में जनपद शामली में कम छात्र संख्या वाले विद्यालयों की सूची तैयार कर विघ्द्यालयों को समाहित करने की तैयारी की जा रही है। जबकि यह प्रक्रिया पूर्णतया असंवैधानिक है। संविधान के अनुच्छेद 21 के अनुसार देश के सभी 6-14 वर्ष के बच्चों को निशुल्क एवं अनिवार्...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.