नई दिल्ली, नवम्बर 29 -- अमेरिका ने भारतीय निर्यात पर अतिरिक्त 25% दंडात्मक शुल्क लगाया, इसके बावजूद भारत के विनिर्माण और निर्यात-उन्मुख क्षेत्रों ने लचीलापन दिखाया, जबकि घरेलू मांग में निरंतर सुधार जारी रहा। भारत की अर्थव्यवस्था ने जुलाई-सितंबर तिमाही में 8.2% की सालाना वृद्धि दर्ज की, जो पिछली तिमाही के 7.8% के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन है। इस दौरान अंतरराष्ट्रीय व्यापार मोर्चे पर भारत को चुनौतियों का सामना करना पड़ा। टैरिफ दबावों और बाहरी अवरोधों के बीच भी अर्थव्यवस्था का मजबूत प्रदर्शन भारत की आंतरिक मजबूती को दर्शाता है। मजबूत उपभोक्ता खर्च, विनिर्माण क्षेत्र की बढ़ती गतिविधियों और घरेलू मांग की मजबूती ने इस तेजी को सहारा दिया। यह वृद्धि कई संस्थानों के अर्थशास्त्रियों की उम्मीदों से भी अधिक रही, जिन्होंने 7.3% की वृद्धि का अनुमान लगाया ...
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