लखनऊ, नवम्बर 18 -- उत्तर प्रदेश को वर्ष 2047 तक विकसित भारत संकल्प के अनुरूप एक स्वच्छ, विश्वसनीय और टिकाऊ ऊर्जा राज्य बनाने के लिए मंगलवार को राजधानी में 'इन्फ्रास्ट्रक्चर: विकसित उत्तर प्रदेश 2047 के लिए रणनीतिक हस्तक्षेप' विषय पर एक उच्च-स्तरीय कार्यशाला आयोजित की गई। इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव (ऊर्जा) नरेन्द्र भूषण ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश की ऊर्जा संक्रमण यात्रा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की क्षमता रखता है। राज्य ने वर्ष 2047 तक अपनी 40-50 प्रतिशत ऊर्जा आवश्यकता नवीकरणीय स्रोतों से पूरी करने की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने प्रदेश में 24 घंटे बिजली, नवीकरणीय ऊर्जा विस्तार, ग्रिड स्थिरता, ग्रीन हाइड्रोजन, फ्लोटिंग सोलर और भविष्य की ऊर्जा तकनीकों पर विस्तृत चर्चा की। उन्होंने प्रतिभागियों से हरित ऊर्जा लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए सुझ...