लखनऊ, दिसम्बर 4 -- ईडी ने प्रतिबन्धित कफ सिरप प्रकरण में अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है। अब उसने एफएसडीए की ओर से दर्ज 118 मुकदमों का ब्योरा लिया है। इसमें नामजद हुए आरोपियों के बारे में पूरी जानकारी जुटा रही है। ईडी यह पता कर रही है कि प्रतिबन्धित कफ सिरप की सप्लाई कर 2000 करोड़ से अधिक की कमाई करने वालों ने कहां-कहां रकम खपाई है। कितनी फर्मो और डिस्ट्रीब्यूटरों के जरिए विभिन्न प्रदेशों में पहुंचाई गई। दावा किया जा रहा है कि मुख्य आरोपियों शुभम जायसवाल, अमित टाटा, आलोक सिंह, विकास सिह नरेवा के अलावा कितने और लोग इस गिरोह के मददगार रहे। विकास सिंह की सम्पत्ति भी पता की जा रही ईडी को पता चला है कि अमित टाटा, आलोक सिंह और शुभम जायसवाल के अलावा विकास सिंह नरेवा की भी इस सिरप की तस्करी में अहम भूमिका रही है। इस आधार पर ही इसकी सम्पत्ति का ब्...