संभल, जून 2 -- आंख के इलाज में लापरवाही बरतने पर जिला उपभोक्ता आयोग ने सुनवाई करते हुए अस्पताल प्रबंधन व चिकित्सक पर तीन लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। आयोग ने जुर्माना की धनराशि पीड़ित को दो माह के भीतर अदा किए जाने के आदेश दिए हैं। तय समय तक धनराशि अदा न किए जाने पर 9 प्रतिशत वार्षिक ब्याज की दर से भुगतान करना होगा। इसके अलावा पांच हजार रुपये वाद व्यय के रूप में भी देने के आदेश दिए गए हैं। जिला बदायूं के गांव एपुरा निवासी करीब 60 वर्षीय सूरजपाल की बाईं आंख में मोतियाबिंद हो गया था। उन्होंने रोटरी नेत्र चिकित्सालय चन्दौसी में अपना उपचार कराया था। अस्पताल में उपचार के दौरान बरती गई लापरवाही के चलते उनके आंख की रोशनी चली गई। इस पर उन्होंने मुरादाबाद के निजी अस्पताल में आंख का चेकअप कराया। मुरादाबाद के अस्पताल में चेकअप के बाद बताया गया कि ...
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