गाजीपुर, दिसम्बर 8 -- मोहम्मदाबाद, हिन्दुस्तान संवाद। नगर क्षेत्र के कुल्लीयतुल बनातिल गौसिया (निस्वां मदरसा) में आयोजित जलसे में सज्जादा नशीन हजरत सैयद अबुल हसन गौसी अशरफी अजहरी ने अपने खुत्बे में इल्म और तालीम की अहमियत पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि इंसान की असली पहचान उसके इल्म, अदब और अख़लाक से होती है, महज दौलत या खानदान से नहीं। उन्होंने कहा कि इल्म वह रौशनी है जो इंसान को गुमराही और अंधेरे से निकालकर हक और सच्चाई की राह दिखाती है। जो समाज तालीम को अहमियत देता है, वही तरक्की करता है और आने वाली नस्लों के लिए बेहतर मुस्तकबिल तैयार करता है। उन्होंने कहा कि तालीम सिर्फ किताबों की जानकारी तक सीमित नहीं, बल्कि इंसानियत, तहजीब, अदब और अच्छी सोच भी तालीम का हिस्सा हैं। जिस घर में बेटियां इल्म हासिल करती हैं, वहां रहमत, बरकत और तर...