लखनऊ, फरवरी 24 -- अब उत्तर प्रदेश की आवास विकास परिषद की कॉलोनियों में अव्यवस्था और लापरवाही की गुंजाइश खत्म होने जा रही है। परिषद अपनी उन आवासीय योजनाओं के लिए विस्तृत स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) तैयार कर रहा है, जो अभी नगर निगम को हैंडओवर नहीं की गई हैं। मकसद है कि यह कॉलोनियां ऐसी दिखें कि लोग पहचान जाएं, यह आवास विकास की कालोनी है। नई व्यवस्था के तहत साफ-सफाई, जलापूर्ति, मार्ग प्रकाश, पार्कों का रखरखाव, बच्चों के खेलने के स्थान, सड़कों की मरम्मत और कूड़ा प्रबंधन को एक व्यवस्थित ढांचे में लाया जाएगा। सबसे बड़ी राहत यह होगी कि एक कॉल पर शिकायत दर्ज होगी और तय समयसीमा में समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। -------- घर-घर से उठेगा कूड़ा, सफाई में नहीं चलेगी ढिलाई एसओपी के तहत डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन अनिवार्य होगा। हर घर से रोजाना कूड़ा...
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