बरेली, मई 26 -- दंत चिकित्सा में लगातार आधुनिक उपकरणों और तकनीकी से सहूलियत बढ़ रही है। 10 में औसतन 8 लोगों को दांत से जुड़ी परेशानी होती है। इसमें दांत खराब होने, काले और पीले रंग के धब्बे होने के साथ ही दो दांतों के बीच जगह होने जैसी परेशानी शामिल है। अब ऐसी परेशानी के लिए आधुनिक पद्धति में कृत्रिम परत (लेमिनेट) का उपयोग किया जा रहा है। यह जानकारी दंत चिकित्सकों की गोष्ठी में दिल्ली से आए डॉ. रोहित गुप्ता ने दी। डॉ. रोहित ने बताया कि डेंटल लेमिनेशन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से दांतों की कैप तैयार की जाती है। यह न केवल दातों को सुंदर बनती है बल्कि सुरक्षा भी देती है। सेरेमिक वेनियर (कृत्रिम परत) की मोटाई .3 एमएम से .7 एमएम तक होती है। यह आठ से 15 साल तक चलते हैं। इसके लिए दंत चिकित्सक से रुटीन चेकअप कराना जरूरी है। इस दौरान डॉ. द...
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