नई दिल्ली, दिसम्बर 11 -- नई दिल्ली। प्रमुख संवाददाता राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के सौ वर्षों की यात्रा हमें बताती है कि राष्ट्रीय विकास का आरंभ आत्मबोध, परिवार के प्रति उत्तरदायित्व, सामाजिक समरसता और सामूहिक कर्तव्य से होता है। उक्त बातें गुरुवार को दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने संघ के 100 वर्ष कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कही। यह कार्यक्रम समवेत सभा हॉल, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र, नई दिल्ली में आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि आरएसएस सदैव राष्ट्रीय एकता और राष्ट्रनिर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। 27 सितंबर 1925 को नागपुर में डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार द्वारा स्थापित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने सौ वर्षों में सेवा, अनुशासन और सांस्कृतिक उत्तरदायित्व पर आधारित एक संगठित राष्ट्रचेतना का निर्माण क...