गोरखपुर, फरवरी 15 -- आयुष विवि विश्वविद्यालय के औषधि निर्माणशाला के बगल में इसके लिए विशेष मशीन स्थापित चिकित्सक खुद बनाएंगे, इसके लिए स्थानीय किसानों से खरीदा जाएगा कच्चा माल भटहट, हिन्दुस्तान संवाद। महायोगी गुरु गोरखनाथ आयुष विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ व चिकित्सक अब खुद च्यवनप्राश बनाएंगे। विश्वविद्यालय परिसर में इसके लिए विशेष मशीन स्थापित कर दी गई है। बाजार का च्यवनप्राश महंगा व मिलावटी होता है। विश्वविद्यालय का उत्पाद शुद्ध व सस्ता होगा। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य जागरूकता अभियान चलाकर च्यवनप्राश वितरण किया जाएगा। इससे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ेगी और आयुर्वेद का प्रचार होगा। औषधि निर्माणशाला के बगल में च्यवनप्राश केंद्र संचालित होगा। अधिकारियों ने बताया कि स्थानीय किसानों से कच्चा माल खरीदकर विशेषज्ञों की निगरानी में बनाया जाएगा। इ...