नई दिल्ली, जनवरी 7 -- कई लोग सोते समय बड़े तेज खर्राटे लेते हैं। खासतौर से एक उम्र के बाद तो लोगों में ये आदत बड़ी कॉमन हो जाती है। हममें से ज्यादातर लोग इसे एक सामान्य आदत मानते हैं। कुछ लोगों को ये भी लगता है कि जितनी तेज खर्राटे ले रहे हैं, उसका मतलब है कि उतनी ही गाढ़ी नींद भी है, जिसे एक अच्छा साइन माना जाता है। वरना ज्यादातर लोग खर्राटे लेने को मजाक का विषय मानते हैं, जिसमें कोई भी चिंता करने वाली वजह उन्हें नहीं नजर आती। इसी विषय पर डॉ जुबैर अहमद एक इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए बताते हैं कि रोजाना खर्राटे लेना आपकी सोच से काफी ज्यादा खतरनाक हो सकता है। इसे हल्के में लेना समझदारी नहीं है। आइए विस्तार में जानते हैं।खर्राटे सिर्फ आवाज नहीं, इस बात का संकेत हैं डॉ जुबैर कहते हैं कि खर्राटे केवल आवाज नहीं हैं, बल्कि कई लोगों में ये इस बात ...