तियानजिन, अगस्त 31 -- आज यानी 31 अगस्त से 1 सितंबर तक चीन के तियानजिन शहर में आयोजित होने वाला शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन वैश्विक कूटनीति का एक महत्वपूर्ण मंच बनने जा रहा है। इस समिट में भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात वैश्विक स्तर पर चर्चा का केंद्र बिंदु है। यह तिकड़ी न केवल क्षेत्रीय बल्कि वैश्विक भू-राजनीति और आर्थिक समीकरणों को प्रभावित करने की क्षमता रखती है।एससीओ समिट का महत्व बहुत खास शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) की स्थापना 2001 में रूस, चीन, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान द्वारा की गई थी। 2017 में भारत और पाकिस्तान इसके पूर्ण सदस्य बने, जबकि 2023 में ईरान और 2024 में बेलारूस ने भी सदस्यता हासिल की। यह संगठन सुरक्षा, आर्थिक सह...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.