संवाददाता, मई 24 -- राजा लोकंदर, आंदोलन, अदालत और जमानत। ये नाम कुछ अजीब लगते हैं न। लेकिन इनमें सबसे पहले नाम राजा लोकंदर की कहानी इससे भी कहीं अधिक अजीब, डरावनी और हैरान कर देने वाली है। प्रयागराज में शंकरगढ़ के हिनौती गांव का कोलंदर सीओडी छिवकी में चतुर्थ श्रेणी कर्मी था। उसकी हरकतों से उसे सस्पेंड कर दिया गया था। 2000 में पत्रकार धीरेंद्र सिंह की हत्या में उसका नाम आया था जिसमें उसे 2012 में उम्रकैद हुई थी। पता चला कि वह 14 कत्ल में शामिल है। यही नहीं इस सनकी ने अपने सहकर्मी की खोपड़ी को उबाल कर उसका रस भी पीया था। सीरियल किलर लोकंदर, एक के बाद एक कत्ल करता गया। वह लोगों के शवों को फार्म में गाड़ देता था। सीरियल किलर राजा कोलंदर और उसके साले को शुक्रवार को आयुर्वेद घोटाला प्रकरण के विशेष न्यायाधीश रोहित सिंह ने उम्रकैद और ढाई-ढाई लाख र...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.