रांची, दिसम्बर 10 -- रांची, विशेष संवाददाता। असाध्य बीमारी से पीड़ित याचिकाकर्ताओं और वरिष्ठ नागरिकों के मामलों को झारखंड हाईकोर्ट में प्राथमिकता के आधार पर सुना जाएगा। अदालत ने स्पष्ट किया है कि ऐसे मामलों को लक्षित मामलों की श्रेणी में शामिल कर विशेष रूप से वाद सूची में रखा जाएगा, ताकि जरूरतमंद पक्षकारों को शीघ्र न्याय मिल सके। हाईकोर्ट प्रशासन की ओर से जारी निर्देश के अनुसार, अधिवक्ता अपने मुवक्किल की स्थिति से संबंधित प्रासंगिक चिकित्सीय दस्तावेजों तथा आयु प्रमाण के साथ एक हलफनामा दायर कर सकते हैं। इन दस्तावेजों के आधार पर अदालत ऐसे मामलों को प्राथमिकता सूची में शामिल करेगी। नए वाद दायर करने वाले अधिवक्ताओं को भी यह निर्देश दिया गया है कि यदि याचिकाकर्ता वरिष्ठ नागरिक हैं या असाध्य बीमारी से जूझ रहे हैं, तो वह संबंधित कागजात संलग्न कर...