नई दिल्ली, नवम्बर 14 -- राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में लाल किला के पास सोमवार को हुए शक्तिशाली धमाके के बाद फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी सुर्खियों में है क्योंकि इस आतंकी साजिश के तार इसी यूनिवर्सिटी से जुड़े हैं। 10 नवंबर को जिस i20 कार में धमाका हुआ था, उसे 28 वर्षीय डॉ. उमर नबी चला रहा था। वह दक्षिण कश्मीर के काजीगुंड का रहने वाला था। उमर की मां के डीएनए नमूनों का घटनास्थल पर मिले अंगों से मिलान होने के बाद उसकी संलिप्तता की पुष्टि हुई है। डॉ. उमर भी अल-फलाह यूनिवर्सिटी में असिस्टेंट प्रोफेसर था। माना जाता है कि वह सबसे ज्यादा कट्टरपंथी था। इंडिया टुडे की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि लाल किले धमाकों का आत्मघाती हमलावर डॉ. उमर मोहम्मद अपनी क्लास में तालिबानी रूल लागू करता था। एक छात्र के हवाले से रिपोर्ट में कहा गया है कि डॉ. उमर अपने ...
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