गुरुग्राम, जून 8 -- अरावली के जंगलों को आग की घटनाओं से बचाने के लिए वन विभाग अब एआई का इस्तेमाल करेगा। फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया (एफएसआई) उपग्रह आधारित रिमोट सेंसिंग और जीआईएस उपकरणों से अरावली के जंगलों पर नजर रखेगा। अरावली के जंगलों में अब कहीं पर भी अगर दस मीटर से अधिक वाले क्षेत्र में आग की घटना होती है तो एआई के माध्यम से फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया द्वारा इस पर विशेष निगरानी रखी जाएगी। जैसे ही आग की कोई घटना होगी तुरंत मैसेज वन विभाग और दमकम विभाग के पास पहुंच जाएगा। इससे अरावली के जंगलों को ज्यादा नुकसान नहीं होगा। वन्य जीवों के जीवन की भी रक्षा हो सकेगी। हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के जंगलों की निगरानी के बाद अब अरावली के जंगलों की निगरानी भी फॉरेस्ट सर्वे ऑफ इंडिया द्वारा की जाएगी।बीते माह कई बार लग चुकी है आग अप्रैल और मई माह में अराव...
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