बांका, दिसम्बर 1 -- अमरपुर, निज संवाददाता। अमरपुर नगर पंचायत में खिलाड़ियों के लिए एकमात्र खेल मैदान डुमरामा उपेक्षा एवं राजनीति का शिकार होकर रह गया है। कभी यह मैदान सिर्फ अमरपुर ही नहीं बल्कि बांका जिले में अपना स्थान रखता था। लेकिन आज स्थिति यह हो गई है कि खिलाड़ी इस मैदान पर आने से कतराते हैं। डुमरामा के क्रिकेट खिलाड़ी एवं खेल प्रेमी माणिक कुमार मिश्र बताते हैं कि करीब डेढ़ सौ वर्ष पूर्व ही यह मैदान तैयार हुआ था तब से डुमरामा के अलावा आसपास के गांवों के युवा यहां खेल, दौड़ आदि की प्रैक्टिस करते आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि चंपानगर के जमींदार महाशय द्वारिकनाथ घोष ने डुमरामा में स्कूल एवं खेल मैदान के लिए जमीन दान में दी थी। जमीन मिलने के बाद करीब 142 वर्ष पूर्व 1883 ई में मध्य विद्यालय की स्थापना हुई तथा इसके साथ ही यह खेल मैदान भी अस...