कुशीनगर, अगस्त 4 -- कुशीनगर, हिटी। जमीन की रजिस्ट्री में जालसाजी रोकने के लिए एक और नई व्यवस्था लागू की गई है। अब बिना ओटीपी बताए जमीन की रजिस्ट्री नहीं होने पाएगी। रजिस्ट्री से पहले मोबाइल पर भेजे गए ओटीपी को बताना होगा, तभी आवेदन स्वीकार किया जाएगा। इसके लिए तैयार किए गए नए सॉफ्टवेयर में क्रेता और विक्रेता के आधारकार्ड लिंक किए जाएंगे। मोबाइल पर मिले ओटीपी को 30 सेकेंड के अंदर भरना होगा। ऐसा न करने पर दोबारा ओटीपी भेजा जाएगा। इसे बताने के बाद ही रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूर्ण होगी। ज्यादातर मामलों में देखने को मिला है कि जब लोग जमीन, खेत या भवन की रजिस्ट्री के लिए निबंधन विभाग के दफ्तर पहुंचते हैं तो ऑनलाइन आवेदन के दौरान सही जानकारी छिपाने के इरादे से मोबाइल नंबर, आधार कार्ड या पैनकार्ड की आधी-अधूरी अथवा गलत जानकारी भरवा देते हैं, जिससे ...
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