भागलपुर, जनवरी 2 -- भागलपुर, मुख्य संवाददाता। जिला परिषद में विकास कम, सत्ता की उठापटक अधिक हो रही है। पूर्व अध्यक्ष के विधानसभा चुनाव के लिए नामांकन करने से लेकर उनके विधायक निर्वाचित होने और इस्तीफा प्रकरण के बाद उठी राजनीतिक लहर से पिछले तीन माह से विकास अवरुद्ध है। अभी मात्र 30 सदस्य हैं। जो दो खेमे में बंट गए हैं। इसकी तस्दीक पिछले सप्ताह जिप अध्यक्ष के निर्वाचन के दौरान हो गई। दोनों खेमे में 15-15 सदस्य हैं। लॉटरी से हुई जीत-हार के बाद बिपिन मंडल अध्यक्ष तो बन गए लेकिन विपक्ष इसे हार नहीं बल्कि किस्मत की जीत मान रहा है। इसलिए विपक्ष ने बिपिन मंडल के सहयोगी उपाध्यक्ष प्रणव कुमार उर्फ पप्पू यादव पर अविश्वास प्रस्ताव लाकर राजनीतिक धमक देने की कोशिश की है। बताया जाता है कि अब अविश्वास प्रस्ताव पर जीत-हार की राजनीति फिर शुरू होगी। इसमें ...
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