हल्द्वानी, अक्टूबर 9 -- हल्द्वानी। राज्य में पूर्ति विभाग के अफसरों के पास राशन कार्ड के निरस्तीकरण से संबंधित रिकॉर्ड नहीं हैं। सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत मांगी गई जानकारी में यह बात सामने आई है। राज्य में कुछ ही जिला मुख्यालय और केंद्र ऐसे हैं जहां से राशन कार्ड से संबंधित जानकारी दी गई है। सरकार ने पात्रों को लाभ देने और फर्जीवाड़ा रोकने को राज्य में सत्यापन अभियान चलाया था लेकिन अधिकारियों ने कार्रवाई करने के बाद भी रिकॉर्ड अपने पास नहीं रखे। आरटीआई कार्यकर्ता हेमंत गौनिया ने सूचना के अधिकार में राज्य के पूर्ति कार्यालयों से तीनों प्रकार के सक्रिय राशन कार्डों की संख्या, राशन की मात्रा, आय से अधिक संपत्ति में सरकारी कर्मचारियों के राशन कार्ड निरस्तीकरण का आंकड़ा, लंबे से गरीबों का राशन डकार रहे लोगों के विवरण समेत तमाम जानकारियां ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.