लखनऊ, जनवरी 21 -- अजीत कुमार, लखनऊ खाद्य एवं रसद विभाग के अफसरों की लापरवाही से बोरा खरीद में प्रदेश को करोड़ों का नुकसान हुआ है। तय समय से बोरे का ऑर्डर नहीं भेजने से यूपी को 111.66 करोड़ रुपये का चूना लगा है। कारण कोलकाता जूट मिल को बोरे की आपूर्ति के लिए करीब तीन माह की देरी से मांग प्रस्तुत किया गया। समय से बोरे की आपूर्ति के ऑर्डर नहीं भेजने के कारण बोरा महंगा हो गया, जिससे एक गांठ का रेट बढ़कर 48322 रुपये हो गया जबकि अगर समय से आर्डर किए गए होते और उसका भुगतान भेज दिया गया होता तो यही बोरे प्रति गांठ 35470 में प्रदेश को मिल जाता। इससे राज्य को कुल 1,11,66,24,749 (एक सौ ग्यारह करोड़, 66 लाख, 24 हजार 749) रुपये अतिरिक्त रूप से भुगतान करना होगा। विभागीय अफसरों के उटपटांग निर्णयों के कारण इस बार धान खरीद की पूरी प्रक्रिया शुरू से ही समस...