नई दिल्ली, दिसम्बर 10 -- उच्च न्यायपालिका में आरक्षण की मांग और कोलेजियम पर उठते सवालों के बीच केंद्र सरकार ने देश के सभी उच्च न्यायालयों से जज की नियुक्ति के लिए नामों की सिफारिश करते समय सामाजिक विविधता का ध्यान रखने को कहा है ताकि सभी वर्गों के लोगों का समुचित प्रतिनिधित्व शामिल हो सके। सरकार ने उच्च न्यायालयों में अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) और अन्य का समुचित प्रतिनिधित्व नहीं होने के मद्देनजर उच्च न्यायालयों से यह आग्रह किया है। केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल द्वारा संसद में पेश आंकड़ों के मुताबिक देश के सभी उच्च न्यायालयों में 2018 से नवंबर, 2025 तक 841 जज की नियुक्ति हुई। इनमें से एससी समुदाय से 32, एसटी से 17, ओबीसी 103, अल्पसंख्यक 46 जजों की नियुक्ति हुई है। कानून मंत्र...
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