धनबाद, मई 26 -- वट सावित्री की पूजा पूरे कोयलांचल में श्रद्धा भाव के साथ मनाया गया। वट सावित्री की पूजा कर सुहागिनों ने अखंड सौभाग्य की कामना की। सुबह से अपने घरों के आसपास वटवृक्ष के पूजा करने के लिए महिलाएं पहुंची। विधिपूर्वक वटवृक्ष को सिंदूर लगाकर बेनी (बांस से बने पंखे ) दान किए गए। पानी में भिगोया हुआ चना सहित अन्य सामग्री प्रसाद स्वरूप अर्पित किए गए। यूं तो अमावश्या की तिथि दोपहर 12.11 बजे प्रवेश हुआ लेकिन सुबह से ही वट वृक्ष व आस-पास के मंदिरों में सुहागिनों का जुटान शुरु हो गया था। वट वृक्ष की पूजा के दौरान किसी ने 11 बार तो किसी ने 108 बार कलावा बांधते हुए परिक्रमा की । महिलाओं ने वटवृक्ष के पत्तों को अपने जुड़े पर सजाया और वटवृक्ष एसे अपने पति के दीर्घायु के लिए प्रार्थना की। वटवृक्ष के नीचे ही किसी ने खुद से तो किसी ने पुरोहित...
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